आगरा के परशुराम चौक पर अराजक तत्वों की हरकत से ब्राह्मण समाज में भारी आक्रोश फैल गया, जिसके चलते तीन घंटे तक प्रदर्शन हुआ। पुलिस ने 48 घंटे में आरोपियों की गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद धरना समाप्त हुआ।
आगरा की आवास विकास काॅलोनी के सेक्टर-10 स्थित परशुराम चाैक पर मंगलवार को अराजक तत्वों की हरकत से ब्राह्मण समाज में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। जूते-चप्पल पहनकर चढ़ने, नारेबाजी करने और नीले झंडे लगाने वालों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए बुधवार को लोगों ने परशुराम चौक पर तीन घंटे तक प्रदर्शन किया। आरोपियों की 48 घंटे में गिरफ्तारी न होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी दी।
प्रदर्शन कर रहे लोगों ने आरोपियों के खिलाफ मामूली धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करने पर पुलिस के खिलाफ भी गुस्सा जाहिर किया और सड़क पर बैठकर हनुमान चालीसा का पाठ शुरू कर दिया। सड़क से हटाने की कोशिश पर पुलिसकर्मियों से धक्का-मुक्की भी की। पुलिस के काफी समझाने पर एक प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस लाइन में पुलिस आयुक्त दीपक कुमार से मुलाकात की। पुलिस आयुक्त ने चौक पर पुलिस चाैकी बनाने, प्राथमिकी में धाराएं बढ़ाने और आरोपियों की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया। तब तीन घंटे बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।
आवास विकास काॅलोनी में मंगलवार को डाॅ. भीमराव आंबेडकर की जयंती पर युवाओं ने बाइक रैली निकाली थी। रैली में शामिल अराजक तत्वों ने माहाैल खराब करने का प्रयास किया और परशुराम चाैक पर जूते-चप्पल पहनकर चढ़ गए थे। नीले झंडे लहराते हुए चौक पर लगा दिए। इसके कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए। इससे ब्राह्मण समाज में आक्रोश फैल गया। तुरंत बड़ी संख्या में लोगों ने चाैक पर पहुंचकर हंगामा किया था। तब पुलिस ने किसी तरह लोगों को समझाया था और देर रात अज्ञात युवकों के खिलाफ थाना सिकंदरा में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
बुधवार की सुबह 11 बजे एक बार फिर बड़ी संख्या में ब्राह्मण समाज के लोग परशुराम चाैक पहुंच गए और हंगामा शुरू कर दिया। वहां पहले से पुलिस फोर्स तैनात थी। विभिन्न ब्राह्मण संगठनों के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने मामूली धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है। वीडियो में आरोपी की पहचान होने पर भी कुछ नहीं किया जा रहा है।
लोग पुलिस के खिलाफ आक्रोश जताते हुए सड़क पर बैठ गए। प्रदर्शन करते हुए जुलूस भी निकालने लगे। सूचना पर एसीपी डॉ. सुकन्या शर्मा, एसीपी मयंक तिवारी और एसीपी लोहामंडी गाैरव सिंह फोर्स के साथ पहुंचे। लोगों को समझाकर सड़क से उठाने का प्रयास किया, लेकिन आक्रोशित लोगों ने धक्का-मुक्की कर दी। बाद में हनुमान चालीसा का पाठ भी किया।
महर्षि परशुराम की तस्वीर छीनने पर भड़के परशुराम चाैक पर ब्राह्मण समाज के लोग महर्षि परशुराम की तस्वीर अपने साथ लेकर आए थे। कुछ लोगों ने चाैक पर तस्वीर लगाने का प्रयास किया तो पुलिस ने रोक दिया। तस्वीर भी छीनने की कोशिश की। इस दाैरान काफी देर तक खींचतान और धक्का-मुक्की होती रही।
सीसीटीवी फुटेज और वीडियो से होगी पहचान सर्व समाज के प्रतिनिधिमंडल के साथ परशुराम चाैक स्थापना समिति के पदाधिकारियों ने पुलिस आयुक्त दीपक कुमार से भी मुलाकात की। पदाधिकारियों ने बताया कि पुलिस आयुक्त ने 48 घंटे में गिरफ्तारी का आश्वासन दिया है। चाैक पर पुलिस चाैकी की स्थापना की जाएगी। सीसीटीवी कैमरों के फुटेज और वीडियो के आधार पर आरोपियों को चिह्नित करने की बात कही है। वहीं प्राथमिकी में धाराएं बढ़ाई जाएंगी। इसकी जानकारी के बाद धरना समाप्त हुआ।
गिरफ्तारी के बाद कराएंगे गंगाजल से शुद्धिकरण अखिल भारतीय परशुराम ब्राह्मण सेवा मंडल ने भी घटना पर आक्रोश जताया। संगठन के संस्थापक अध्यक्ष पंडित दिलीप पाठक ने कहा कि ब्राह्मण एवं सवर्ण समाज का जितना उत्पीड़न, शोषण, अपमान भाजपा की सरकार में हो रहा है, उतना कभी नहीं हुआ। यह बेहद निंदनीय है। पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में अराजक तत्व भगवान परशुराम चौक पर जूते पहनकर चढ़ गए। भगवा ध्वजों को उखाड़कर नीले झंडे लहरा दिए। यह सनातन का अपमान है। कुछ लोगों ने कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद चौक का गंगाजल से शुद्धिकरण कराएंगे।
Home » आगरा:परशुराम चौक पर जूते चप्पल पहनकर कौन-कौन चढ़ा, CCTV और वीडियो; ब्राह्मणों ने दिया 48 घंटे का अल्टीमेटम